हिमाचल प्रदेश सरकार ने मानसून के दौरान किसी भी आपदा से त्वरित ढंग से निपटने के लिए तैयारियां तेज कर दी हैं। लोक निर्माण विभाग (PWD) में फील्ड में तैनात सभी कर्मचारियों की छुट्टियां अगले आदेश तक रद्द कर दी गई हैं। साथ ही विभागीय अधिकारियों को भी फील्ड में सक्रिय रहने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि सड़क बंद होने, भूस्खलन और अन्य आपात स्थितियों में राहत एवं बहाली कार्यों में किसी प्रकार की देरी न हो।

लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने बताया कि सरकार विभाग के चारों जोन के मुख्य अभियंताओं के साथ लगातार बैठकें कर रही है। इन बैठकों में सड़कों को सुचारु बनाए रखने, भूस्खलन प्रभावित क्षेत्रों में त्वरित कार्रवाई, मशीनरी की उपलब्धता और जिला एवं मंडल स्तर पर आपदा प्रबंधन की तैयारियों की समीक्षा की जा रही है। सरकार का उद्देश्य पिछले वर्ष की तरह भारी बारिश और भूस्खलन से उत्पन्न होने वाली समस्याओं को इस बार पहले से बेहतर तैयारी के साथ नियंत्रित करना है।
यातायात बहाल रखने के लिए लोक निर्माण विभाग निजी एजेंसियों से जेसीबी, पोकलेन, डोजर और अन्य भारी मशीनरी हायर करेगा। संवेदनशील और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में इन मशीनों की पहले से तैनाती की जाएगी, ताकि सड़क बंद होने की स्थिति में तुरंत मलबा हटाकर यातायात शुरू किया जा सके। इसके अलावा विभाग जिला प्रशासन, पुलिस, राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण और अन्य संबंधित एजेंसियों के साथ समन्वय बनाकर राहत एवं बचाव कार्यों को प्रभावी ढंग से संचालित करेगा, जिससे मानसून के दौरान जनजीवन पर कम से कम असर पड़े।